पूर्वी चंपारण के शिकारगंज थाना क्षेत्र मे जमीन विवाद में हुआ जानलेवा हमला - Bihari karezza - Khabre Bihar Ki

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सोमवार, 9 मई 2022

पूर्वी चंपारण के शिकारगंज थाना क्षेत्र मे जमीन विवाद में हुआ जानलेवा हमला

आपसी लडाई जमीन को लेकर आए दिन होता है किंतु जब जमीन को लेकर जान से मारने का प्रयत्न किया जाए तो पानी सर से उपर चला जाता है। 

7 मय को पूर्वी चंपारण के शिकारगंज थाना क्षेत्र चमहि गाँव में करीब 10:30 बजे, यमुना तिवारी उर्फ बृजबिहारी तिवारी (85) के पड़ोसी धूपनारायण तिवारी उस जमीन को पकड़ कर अपना घर बना रहे थे जो की सरकारी जमीन था जिसका प्रयोग गाँव वाले करते थे , ये गलत देख यमुना तिवारी के बड़े बेटे सुरेंद्र तिवारी ने उन्हें जाकर बोला "ये आप गलत कर रहे है ये सरकारी जमीन है जिससे इस गाँव का हर कोई आता जाता है " इतना सुनते ही धुपनारायण तिवारी ,उनके बेटे सोनू तिवारी और उनके घरवाले तथा कुछ सहयोगी गाली देने लगे। 


                सोनू तिवारी पे हुआ जानलेवा हमला


 सोनू के हाथ मे खन्ति था उन्होंने उसी खन्ति से सुरेंद्र तिवारी के सर पे जान लेवा हमला कर दिया जिससे उनका सर फट गया, अपने बड़े भाई को इस हालत मे देख उपेंद्र तिवारी और उनकी पत्नी मिथलेश पांडे दौड़ते हुए गयी, इसी क्रम मे छोटे बेटे पे भी खन्ति तथा लोहे के रौड से हमला कर दिया गया जिससे उनके कंधे पे बहुत गहरा चोट लग गया। और उनकी पत्नी के गले से सोने का चैन भी छिन लिया गया जो की करीब 50,000 से अथिक रुपए का है। उधर से ग्रामीण लोगों तथा पंचो को आते देख वो भाग खड़े हुए।


सुरेंद्र के सर से काफी खून बह रहा था। उन्हें शीघ्र ही निजी अस्पताल ढाका ले जाया गया जहाँ से डॉक्टरों ने उन्हें सदर अस्पताल मोतिहारी रेफर कर दिया, हालत इतनी खराब थी की वहा के डॉक्टरों ने भी हाथ खड़े कर दिये और फिर उन्हें पी.एम.सी.एच पटना रेफर कर दिया गया। जहाँ उनका इलाज चल रहा है। 

यमुना तिवारी ने शिकारगंज थाने में अपना आवेदन दिया जिसमे उन्होंने धुपनारायण तिवारी, सोनू तिवारी, सुमन तिवारी, राकेश तिवारी, कृष्णदेव तिवारी, खुसिंद्र तिवारी, मुन्नी देवी, चांदनी कुमारी, लक्ष्मी देवी, मंजु कुँवर, विशाल कुमार को उन्होंने नामजद किया है। 


अमृत राज की रिपोर्ट

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